इंदौर । 22 सितंबर 2025 से भारत में नवरात्रि 2025 का शुभारंभ हो रहा है। यह पर्व मां दुर्गा के नौ स्वरूपों की आराधना का प्रतीक है और पूरे देश में श्रद्धा एवं भक्ति के साथ मनाया जाता है। इस बार का नवरात्रि खास इसलिए भी है क्योंकि यह 10 दिनों तक चलेगा, जो सामान्यतः 9 दिन का होता है। इस दौरान हर दिन मां दुर्गा के अलग-अलग रूपों की पूजा की जाती है तथा विशेष व्रत और आराधना की परंपरा निभाई जाती है।
देशभर में नवरात्रि के दौरान विभिन्न सांस्कृतिक आयोजनों का आयोजन होता है। गुजरात में गरबा-रात्री का नृत्य होता है, बंगाल में दुर्गापूजा के भव्य पंडाल लगते हैं, महाराष्ट्र तथा उत्तर भारत के कई हिस्सों में श्रद्धालु व्रत और मंदिरों में पूजा करते हैं। बाजारों में देवी से जुड़ी वस्तुओं, फूलों, मिठाइयों और पारंपरिक वस्त्रों की बिक्री बड़ी तेजी से होती है।
इंदौर का सबसे बड़ा नवरात्रि महोत्सव
इंदौर में इस वर्ष का सबसे बड़ा नवरात्रि महोत्सव वीआईपी परस्पर नगर में आयोजित होगा, जो 22 सितंबर से 2 अक्टूबर तक चलेगा। इस महोत्सव में मां दुर्गा के 23 दिव्य रूपों के दर्शन कराए जाएंगे। यह आयोजन 25 एकड़ भूमि में फैला हुआ है और इसमें भव्य प्रवेश द्वार, सजावट, और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं।

इस महोत्सव का मार्गदर्शन पूज्यपाद जगतगुरु श्री श्री 108वें आचार्य वसंत विजय नंद गिरी महाराज कर रहे हैं। महोत्सव के दौरान सुबह यज्ञ, प्रवचन, और शाम को सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, जिनमें देश के विभिन्न राज्यों से भक्त और साधक भाग लेते हैं।
स्थानीय संगठन बजरंग दल और अन्य सामाजिक संस्थाएं महोत्सव के दौरान अनुशासन और नियमों का पालन सुनिश्चित कर रही हैं। शराब और नशीले पदार्थों के इस्तेमाल पर रोक लगाई गई है ताकि धार्मिक माहौल शांति और भक्ति पूर्ण बना रहे।
सामाजिक व आर्थिक प्रभाव
नवरात्रि महोत्सव के कारण इंदौर के बाजार गुलजार रहते हैं, व्यापारियों को अच्छी आय होती है और इस त्यौहार से जुड़ी वस्तुओं की मांग में वृद्धि होती है। साथ ही, यह आयोजन लोगों को एक साथ लाने और सांस्कृतिक विरासत को समृद्ध करने का भी एक बड़ा माध्यम है।
